विशेषांक Special – रोचक जानकारियां, विशेष लोगों की रोचक बातें Archive

मन कहता है पंछी बन जाऊं

मन कहता है, पंछी मन सा सुदृढ़ मैं बन जाऊं पंख बिना ही उच्च गगन की सीमा को छू आऊं । कभी तपूं मैं सूर्य ताप में, तेज हवाओं से टकराऊंबढ़ती रहूं संघर्ष करूं, तिनका-तिनका जोड़ एक घोंसला बनाऊं । पीछे छोड़ आडंबर सारे, निश्छल सहज भाव अपनाऊंमन को बांधे मन की जंजीरे, सब

मुस्कुराने की वजह आप खुद हैं

दोस्तों जीवन में खुश रहना है तो मुस्कुराना सीखिए। अपने मुस्कुराने की वजह आप खुद बनें। “मुस्कुराहटें गुम हैं परेशानियों की भीड़ में,मेरे मन का शहर कुछ उदास सा रहता हैं “ भागती दौड़ती जिंदगी और जिंदगी की भागदौड़ में ‘परेशान’ से लोग ही अब देखने को मिलते हैं। खुश रहने की वजहों की

ददरी मेला बलिया – पूर्ण जानकारी

ददरी मेला क्या है ? क्यों लगता है ? और कब लगता है जैसे प्रश्नों का जवाब देने से पूर्व कुछ ‘बलिया’ के बारे में भी जान लेते हैं। बलिया नाम सुनकर आप शायद यह जरूर सोचते होंगे कि ये नाम आखिर पड़ा कैसे ! जानकारी के लिए आपको बता दूँ कि राक्षस राज

कश्मीर- आर्टिकल 370

कश्मीर से आर्टिकल 370 का बंद होना कई नये रास्ते खुलने जैसा होगा। खुशहाली का दौर शुरू हो सकता है पर कश्मीरियों के बिना मुमकिन नहीं। सरकार को आम कश्मीरियों को विश्वास में लेना होगा। बताना होगा समझना होगा कि 35 A समाप्त होने से आपके लिए नए दरवाजे खुलने जा रहे हैं। आप

माँ – मातृ दिवस, 11 मई मदर्स डे विशेष

“माँ” जितना छोटा है यह शब्द उतना ही बड़ा है इसका अर्थ, समेटे है अपने अंदर सारे ब्राह्मण को इस सारी सृष्टि को, सुनने में इसकी आवृति जितनी छोटी है , उतनी ही बड़ी है इसकी महत्ता इसकी सार्थकता। एक अद्भुत कृति है ईश्वर की, आनंद और ममता से परिपूर्ण, निश्छल भावों को हृदय

जननी जन्मभूमिश्च स्वर्गादपि गरीयसी

हमारे देश में जन्म देने वाली माँ और मातृ भूमि का दर्जा स्वर्ग से भी ऊपर बताया गया है, पर आज के बदलते परिवेश में जब देशवासी देश और मातृभूमि त्याग करके विदेशों में बसने लगे हैं तब मातृभूमि का क्या अर्थ रह जाता है ? व्यक्ति मातृभूमि का त्याग कर सकता है,पर क्या

जलवायु परिवर्तन पर वैश्विक राजनीती एवम् भारत

जलवायु परिवर्तन को नजर में रखते हुए वैश्विक स्तर पर कई सम्मेलनों का आयोजन हुआ, जिसमें तमाम देशों ने मिल कर वर्तमान की सबसे चुनौती पूर्ण समस्या से निजात के लिए कई प्रकार की योजनाएं बनाई। स्काटहोम सम्मेलन की 20वीं वर्षगांठ मनाने हेतु ब्राजील के शहर रियो-डी-जेनेरियो में आयोजित रियो सम्मेलन में जलवायु परिवर्तन,

गणतंत्र विशेष – पूर्ण स्वराज और गणतंत्र दिवस इतिहास, क्यों इतना है महत्वपूर्ण

Gantantra Diwas Kya Hai ? वैसे तो इस विषय की जानकारी लगभह प्रतेय भारतवासी को होगी। Republic Day Kyu Manate Hain इसके बारे में भी हम सभी देशवासी जानते होंगे। किन्तु प्रायः ये देखने अथवा सुनने में आता है कि युवा पीढ़ी, स्कूली बच्चे अभी भी इसके पूर्ण ज्ञान से वंचित हैं। वे सभी

दीपावली से जुड़ी हुई रोचक परम्पराएँ

सर्वप्रथम आप सभी को दीपावली की ढेर सारी शुभकामनाएँ। मैं कामना करती हूँ कि आप का यह त्यौहार शुभ हो। दीपावली रोशनी का उत्सव है। यह त्यौहार हमें सिखाता है कि कैसे हर अंधकारमय कोने को हम सकारात्मक रोशनी से रौशन कर सकते हैं। लेकिन क्या आपने कभी जानना चाहा है कि Deepawali को

कलाम साहब को सलाम

कुछ लोग जाते-जाते हमें जिंदगी जीना सिखा जाते हैं। जी हाँ, कलाम साहब एक ऐसी शख्सियत थे जिनके मुकाम पर पहुँच पाना नामुमकिन के काफी करीब है। आज उनके जन्मदिन पर मैं आपसे कुछ खास बातें करना चाहती हूँ। वह बातें जो कि कलाम साहब की जिंदगी को और भी रोचक और प्रेरणादायक बनाती